हालांकि, कांग्रेस के लिए इस नैरेटिव को जमीन पर उतारना बेहद चुनौतीपूर्ण होगा क्योंकि दलित वोटों के इस सियासी मैदान में मायावती की BSP एक मजबूत खिलाड़ी है, वहीं चंद्रशेखर आजाद की पार्टी भी तेजी से उभर रही है।
आखिर कांग्रेस क्यों लंबा खींच रही खरगे और दलित अपमान का मुद्दा? 2027 या 2029 कहां-कहां है निशाना
By Dhallo News · September 1, 2026 at 4:28 PM IST

Source: HINDUSTAN
Have feedback on this article?Report error or suggestion
